
आगरा में केमिस्ट्री शिक्षक का काला खेल बेनकाब, गुटखा फैक्ट्री को नशीला केमिकल सप्लाई करने का आरोप*
खंदौली (आगरा)। खंदौली थाना क्षेत्र के गांव में सुबह उस समय सनसनी फैल गई जब तेलंगाना पुलिस की टीम ने स्थानीय पुलिस के साथ मिलकर दबिश दी और केमिस्ट्री के एक दिव्यांग शिक्षक को हिरासत में ले लिया। आरोपी शिक्षक पर केमिकल मिलाकर नशीला पदार्थ तैयार करने और उसकी सप्लाई जोधपुर की एक गुटखा फैक्ट्री तक पहुंचाने का आरोप है। पुलिस ने मौके से भारी मात्रा में संदिग्ध केमिकल भी बरामद किए हैं।
जानकारी के अनुसार, हाल ही में राजस्थान के जोधपुर में एक अवैध गुटखा फैक्ट्री का भंडाफोड़ हुआ था। जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि वहां बनाए जा रहे गुटखे को ज्यादा नशीला बनाने के लिए विशेष प्रकार के केमिकल मिलाए जाते थे। इस मामले की जांच में आगरा कनेक्शन सामने आने पर तेलंगाना पुलिस ने आगरा पुलिस से संपर्क किया और संयुक्त कार्रवाई की योजना बनाई।
सुबह-सुबह पुलिस की दबिश से मचा हड़कंप
सुबह तेलंगाना पुलिस की टीम खंदौली पहुंची और स्थानीय पुलिस के साथ गांव नगला मट्ट में दबिश दी। यहां किराए के मकान में रह रहे केमिस्ट्री
*गुरुजी निकले ड्रग्स के खिलाड़ी जोधपुर गुटखा फैक्ट्री से जुड़ा आगरा का बड़ा कनेक्शन*
शिक्षक मनोज को हिरासत में लिया गया। पुलिस ने आरोपी को खंदौली थाने लाकर उससे गहन पूछताछ शुरू की।
कोचिंग की आड़ में चल रहा था संदिग्ध कारोबार
पुलिस के अनुसार आरोपी मनोज मूल रूप से फिरोजाबाद जिले के नारखी क्षेत्र का निवासी है। वह पिछले करीब 15 वर्षों से खंदौली क्षेत्र में परिवार सहित रह रहा था और केमिस्ट्री की कोचिंग पढ़ाता था। इसी दौरान उसने सैमरा मार्ग पर एक दुकान किराए पर ले रखी थी, जहां बड़ी मात्रा में केमिकल का भंडारण किया जाता था।
जांच में सामने आया है कि पिछले कुछ समय से उसका जोधपुर आना-जाना बढ़ गया था। वहीं उसकी पहचान गुटखा फैक्ट्री संचालक से हुई। आशंका है कि इसी संपर्क के बाद वह नशीले केमिकल तैयार कर उन्हें सप्लाई करने लगा।
छापेमारी में भारी मात्रा में केमिकल बरामद
पुलिस ने छापेमारी के दौरान दुकान से बड़ी मात्रा में केमिकल बरामद किए हैं। इनमें लगभग 450 लीटर आसुत जल, 120 लीटर मेथिल एमीन, 27.5 लीटर हाइड्रोब्रोमिक अम्ल, 100 लीटर एथिल एसीटेट, 50 लीटर एसीटोन, 40 लीटर हाइड्रोक्लोरिक अम्ल और 9 लीटर इथेनॉल शामिल हैं।
पुलिस इन केमिकल के इस्तेमाल और उनसे तैयार किए जाने वाले नशीले पदार्थ की जांच कर रही है। शुरुआती जांच में आशंका जताई जा रही है कि इन केमिकल का उपयोग गुटखे को ज्यादा नशीला बनाने के लिए किया जाता था, ताकि उसकी लत लग सके और मांग बढ़े।
एनडीपीएस एक्ट के तहत जांच जारी
डीसीपी पश्चिम आदित्य सिंह के अनुसार मामला नारकोटिक्स से जुड़ा होने के कारण एनडीपीएस एक्ट के तहत जांच की जा रही है। तेलंगाना पुलिस और स्थानीय पुलिस मिलकर आरोपी से पूछताछ कर पूरे नेटवर्क की जानकारी जुटा रही हैं।
पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि इस अवैध कारोबार में और कौन-कौन लोग शामिल हैं तथा यह नेटवर्क किन-किन राज्यों तक फैला हुआ है। फिलहाल आरोपी से गहन पूछताछ जारी है और मामले में आगे बड़ी कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।




